यूपी में एक और पत्रकार पर पुलिसिया कहर, बेरहमी से पिटाई के बाद लॉकअप में किया बंद और फिर कपड़े उतरवाकर पिलाई पेशाब

बड़ी ख़बर , नई दिल्ली, बुधवार , 12-06-2019


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जनचौक ब्यूरो

नई दिल्ली। पत्रकार प्रशांत कनौजिया का मामला अभी शांत नहीं हुआ था कि यूपी में एक और पत्रकार के उत्पीड़न की घटना सामने आ गयी है। घटना मुजफ्फरनगर के शामली की है। खबर की कवरेज करते समय पुलिसकर्मियों ने न केवल इस पत्रकार को कवर करने से रोका बल्कि उसकी जमकर पिटाई की। मामला यहीं तक सीमित नहीं रहा। पुलिस की टीम बाकायदा उसे पकड़कर जीआरपी थाने ले गयी और लॉकअप में बंद कर दिया। पत्रकार का आरोप है कि पुलिस ने वहां उसे पेशाब तक पीने के लिए मजबूर किया।

पत्रकार न्यूज़ 24 चैनल से जुड़ा हुआ है। इससे संबंधित दो वीडियो सामने आए हैं। एक वीडियो में पत्रकार की पिटाई का दृश्य है। जिसमें पत्रकार को एक पुलिस वाला पकड़ कर मारता दिख रहा है। पूरा दृश्य शामली स्थित रेलवे ट्रैक का है। इस वीडियो में कई लोग खड़े हैं। इसमें कई पुलिसकर्मी हैं कुछ ने वर्दी पहन रखी है और कुछ बगैर वर्दी के हैं। 

दूसरा वीडिया जीआरपी के लॉकअप का है। जिसमें पत्रकार को बंद किया गया है। यह वीडियो लगता है आज सुबह लिया गया है। और इसमें पत्रकार से कोई सवाल पूछता हुआ दिख रहा है। जिसमें वह बीती रात अपने साथ घटी घटना का पूर ब्योरा दे रहा है। उसका कहना है कि वह रेलवे में भ्रष्टाचार और दलाली से जुड़ी एक खबर को कवर कर रहा था उसी समय जीआरपी के पुलिसकर्मी पहुंच गए और उन्होंने न केवल उसका कैमरा छीन लिया बल्कि पिटाई शुरू कर दी। और उसके बाद थाने में लाकर बंद कर दिया। उसका कहना है कि लॉकअप में भी उसकी पिटाई की गयी। पत्रकार की मानें तो पुलिसकर्मियों ने लॉकअप में उसके कपड़े उतरवाए और फिर उसे पेशाब पीने के लिए मजबूर कर दिया।

इस घटना पर न्यूज 24 से जुड़े एंकर और पत्रकार मानक गुप्ता ने अपनी प्रतिक्रिया जाहिर की है। उन्होंने केंद्रीय रेलमंत्री पीयूष गोयल को टैग करते हुए घटना का संज्ञान लेने की गुजारिश की है। अभी ताजा रिपोर्ट यह मिल रही है कि मामले में शामिल एसएचओ राकेश कुमार और जीआरपी के कांस्टेबल संजय पवार को निलंबित कर दिया गया है। 










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