Saturday, August 13, 2022

एक साल में 34 महिलाओं समेत 116 माओवादियों की मौत

ज़रूर पढ़े

जगदलपुर। देशभर में पिछले एक साल के अंदर 116 माओवादी मारे गए हैं। इनमें 4 केंद्रीय कमेटी के सदस्य समेत 34 महिला माओवादी भी शामिल हैं। कई हार्डकोर माओवादी गंभीर बीमारी की वजह से दम तोड़े हैं तो कइयों को एनकाउंटर में पुलिस ने मार दिया है। इन 116 में से 9 नक्सलियों का विवरण इनकी केंद्रीय कमेटी के पास भी नहीं है। माओवादियों के सेंट्रल मिलिट्री कमीशन ने शनिवार को प्रेस नोट के माध्यम से यह आंकड़ा जारी किया है। 

माओवादियों ने कहा कि पिछले 1 साल में उन्हें बड़ी क्षति हुई है। सबसे ज्यादा दंडकारण्य यानी बीजापुर, सुकमा और दंतेवाड़ा इलाके में संगठन के 78 सदस्य मारे गए हैं। इसके अलावा बिहार-झारखंड के 10, आंध्र-ओडिशा बॉर्डर के 12, तेलंगाना के 6, ओडिशा के 4 और MMC के 7 नक्सलियों की मौत हुई है। इनमें से 10 जोनल कमेटी (ZC), डिविजनल कमेटी मेंबर (DVC) शामिल हैं। इनमें 3 सब DVC, 24 एरिया कमेटी और PPC मेंबर हैं। जबकि 36 PLGA, 8 स्थानीय जन संगठन और मिलिशया सदस्य समते 22 पार्टी समर्थक थे। 

इन नक्सलियों की हुई मौत

नक्सलियों ने मारे गए बड़े नेताओं की सूची भी जारी की है। जिनमें केंद्रीय कमेटी के पूर्णेन्दु शेखर मुखर्जी, अक्कीराजू, नरेंद्र सिंह उर्फ चिंतन दा, यापा नारायण उर्फ हरिभूषण समेत बुदेश्वर और कट्टी मोहन राव भी शामिल हैं। ये सभी माओवादी कई बड़ी घटनाओं में शामिल रहे हैं। अलग-अलग राज्यों में इनपर लाखों रुपए का ईनाम भी घोषित था। इनमें कई माओवादी बीमारी की वजह से दम तोड़े हैं।

(बस्तर से जनचौक संवाददाता तामेश्वर सिन्हा की रिपोर्ट।)

तत्काल समाचारों के लिए, हमारा जनचौक ऐप इंस्टॉल करें

Latest News

बिहार का घटनाक्रम: खिलाड़ियों से ज्यादा उत्तेजित दर्शक

मैच के दौरान कई बार ऐसा होता है कि मैदान पर खेल रहे खिलाड़ियों से ज्यादा मैच देख रहे...
जनचौक के नए ऐप से अपने फोन पर पाएं रियल टाइम अलर्ट और सभी खबरें डाउनलोड करें

Janchowk Android App

More Articles Like This