लंदन। पूंजीवाद ने मार्क्सवाद को दफनाने का ऐलान काफी पहले कर दिया था। मार्क्स का दैहिक अंत… Read More
रामशरण जोशी
हमेशा की तरह इस बार भी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का राष्ट्रीय संबोधन सुना। विगत संबोधानों से ताजा… Read More
“Speak up truth to the power”, एक ब्लैक ज़ोर ज़ोर से चिल्ला रहा था। चालीस के आस-पास… Read More
क्या देश में हिंदुत्व नव-राष्ट्रवाद समग्र भारत का ‘स्थायी भाव व चरित्र’ बन चुका है? क्या हिंदी भारत में राजनैतिक हिंदुत्व उफान को… Read More
पिछले नौ सालों से प्रधानमंत्री पद पर विराजमान श्री नरेंद्र मोदी के ताज़ा उवाच ने कार्यपालिका के शीर्षस्थ पद की… Read More
मैं मयूर विहार से प्रेस क्लब के लिए मेट्रो में सफर कर रहा था। दोपहर का समय… Read More
भारत के लोकतंत्र के इतिहास में 18 जुलाई, 23 का दिन ‘विपक्ष की महा एकता और सत्तापक्ष… Read More
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अमेरिका व फ्रांस समेत दो-दो विदेश यात्राओं के पंचम स्वर में डंकों की पृष्ठभूमि… Read More
एक स्वस्थ समाज या देश के लिए चार तत्व ज़रूरी हैं: “ बुद्धिमत्ता, साहस, अनुशासन और न्याय”।… Read More
[सामान्य जन धर्म को सत्य के रूप में देखते हैं, बुद्धिमानों के लिए यह मिथ्या है, और… Read More