‘जो उचित समझो, वह करो’ ही नहीं, जनरल नरवणे की किताब में और भी बहुत कुछ है जिससे सरकार हो जाएगी शर्मिंदा”

पूर्व जनरल एम एम नरवणे की किताब पर आधारित लेख लिखने वाले रणनीतिक मामलों के विश्लेषक सुशांत… Read More

‘अखिल भारतीय फोरम फॉर इक्विटी’ के गठन के साथ दिल्ली से हो गयी ‘यूजीसी रेगुलेशंस समता आंदोलन’ की शुरुआत

नई दिल्ली। 8 फरवरी को दिल्ली के सुरजीत भवन में विपक्षी छात्र संगठनों के राष्ट्रीय नेतृत्व, शिक्षकों,… Read More

स्वदेशी आंदोलन, राष्ट्रवाद और रवीन्द्रनाथ टैगोर : विचारधारा और सामाजिक यथार्थ

भारत में राष्ट्रवादी आंदोलन और उसमें भागीदारी को लेकर आज भी राजनीतिक दावेदारी किसी भी तरह से… Read More

सत्तो दा व्यक्ति नहीं संस्था, प्रेरणा और अन्याय के खिलाफ एक मुखर आवाज थे

मार्क्सवादी चिंतक, प्रतिभाशाली अधिवक्ता तथा शोषित-वंचित वर्गों के सच्चे हितैषी दिवंगत सत्यनारायण भट्टाचार्य उर्फ सत्तो बाबू का… Read More

सांप्रदायिक फासीवाद से लड़ने के आह्वान के साथ छत्तीसगढ़ जलेस का चौथा सम्मेलन संपन्न

रायपुर। वर्तमान परिदृश्य में लेखकों, कलाकारों और संस्कृतिकर्मियों के रचनात्मक हस्तक्षेप के साथ उनके सामाजिक-राजनैतिक हस्तक्षेप को… Read More