प्रफुल्ल कोलख्यान

न पक्ष, न विपक्ष सब समकक्ष, तुम्हारी पॉलिटिक्स क्या है पार्टनर?

भारतीय जनता पार्टी के शासन काल में लोकतंत्र और लोकतांत्रिक मूल्यों, परंपरा, मान्यताओं और न्याय के सभी… Read More

लोकतंत्र खतरे में! नामी-गिरामी और जाने-माने बुद्धिजीवी क्या कहते हैं!

निश्चित रूप से देश विभिन्न मोर्चों पर जूझ रहा है। खासकर लोकतांत्रिक मोर्चा पर सियासी तूफान और… Read More

राहुल गांधी देश को ‘अच्छे दिन के संकट’ से बचा लेंगे

चुनावी धांधलियों के संदर्भ में लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने सबूतों का एटम ‎बम फोड़ने की… Read More

सामाजिक न्याय के आईने में दलितों की हत्या के कुछ ऐतिहासिक मामले

सामने 2025 में बिहार विधानसभा का चुनाव है। उस के बाद पश्चिम बंगाल, असम, तमिलनाडु केरल और… Read More

आरएसएस की पूरी विचारधारा अप्रासंगिक है भाजपा राजनीतिक नहीं चुनावी पार्टी है

ब्रिटिश हुकूमत से आजादी मिलने के दिन, यानी 15 अगस्त 1947 की बीच रात में भारत के… Read More