“आज का समय अलग तरह की जटिलताओं का समय है। हालांकि अलग अलग समय में जटिलताओं की… Read More
Fascism
(जनबुद्धिजीवी, वरिष्ठ पत्रकार और संस्कृतिकर्मी जलेश्वर जी आज नहीं रहे। उन्होंने बनारस में अंतिम सांस ली। उनकी… Read More
नई दिल्ली। देश के संविधान ने सभी नागरिकों को विचार अभिव्यक्ति की सभी विधाओं में बोलने की… Read More
विश्व इकोनॉमिक फोरम की दावोस में हुई हालिया बैठक ने वैश्विक संबंधों में हो रहे गुणात्मक परिवर्तन… Read More
मुनरो से डुनरो के बीच का फासला दो सौ साल का है। इलाहाबाद विश्वविद्यालय में राजनीति शास्त्र… Read More
देश में पत्रकारिता करना आज केवल एक पेशा नहीं, बल्कि जोखिम भरा काम बनता जा रहा है।… Read More
किसी क्रांतिकारी से क्रांतिकारी दर्शन-विचार की सैद्धांतिक और औपचारिक स्वीकृति कोई बहुत मुश्किल भरा काम नहीं होता… Read More
अपने एक मित्र हैं महेंद्र मिश्र। वे ‘जनचौक’ नाम का पोर्टल चलाते हैं। वे वामपंथी आंदोलन से जुड़े रहे… Read More
सामान्यतः देखा जाता है कि तानाशाह स्वभावत: वर्चस्ववादी व्यक्ति होता है जो स्वयं को प्रतिष्ठापित और शक्तिशाली… Read More
आज देश के सामने सबसे बड़ी चुनौती है आरएसएस और इससे जुड़े संगठनों द्वारा भारत के सामाजिक-संवैधानिक… Read More