यूं तो मोदी हर रोज अपनी चुनावी सभाओं में कुछ न कुछ ऐसी लम्बी फेंकते ही रहते… Read More
बादल सरोज
3 मई को विश्व प्रेस स्वतंत्रता दिवस था। पर कुछ गुणी और सुधी मित्रों की ऐसी टिप्पणियां… Read More
अभी नौतपा शुरू नहीं हुआ है – तब तक तो लू भी चलना शुरू नहीं हुआ था,… Read More
सामान्यतः होता यह है कि जब चुनाव चल रहे होते हैं तब गुंडे– जिन्हें न जाने क्यों… Read More
सूरत में जो हादसा हुआ है वह किसी भी सभी समाज और परिपक्व लोकतंत्र पर एक… Read More
मतदान की शुरुआत होने में जब महज पांच दिन बचे थे तब कहीं जाकर मौजूदा सत्ता पार्टी… Read More
जैसे-जैसे मतदान की तारीखें करीब आ रही हैं, जैसे-जैसे पांव के नीचे की जमीन खिसकने का अहसास बढ़ता… Read More
इधर 400 पार का गुब्बारा फुलाने में खुद मोदी जी की सांसें फूली जा रही हैं उधर… Read More
अभी अभियान ढंग से रफ़्तार भी नहीं पकड़ पाया है मगर लगता है मुंहबली की सांसें अभी… Read More
कहते हैं कि कोई अगर गिरने के लिए अपनी पर भी आ ही जाये तब भी उसकी… Read More