अभी-अभी देश में इतने धूमधाम से धीर, उदात्त ललितचरित के आदर्श- मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान की प्राण-प्रतिष्ठा हुई… Read More
बीच बहस
आजकल एक नया जुमला सुनाई देने लगा है। मोदी की गारंटी। आखिर यह क्या चीज है? नरेन्द्र… Read More
बाकी भले देश की माली और समाजी दरो-दीवारों पर सब्जा उग रहा हो और सारी उम्मीदें बयाबां… Read More
चौदह फ़रवरी के ‘टेलिग्राफ’ में प्रभात पटनायक की एक टिप्पणी है- (नव-उदारवाद से नव-फासीवाद ) गोपनीय संपर्क… Read More
पिछले 20-21 सालों में 3,50,000 किसान आत्महत्या कर चुके हैं, तीन काले क़ानूनों के खिलाफ एक साल… Read More
वर्ष 2023 में, स्कूल अथवा कॉलेज में नामांकित 14-18 वर्ष की उम्र के मात्र 78.1% बच्चे ही… Read More
यह मान लेना चाहिए कि किसानी की समस्याओं को ठीक से समझने के प्रति हमारी राज्य-व्यवस्था कभी… Read More
जब बाबरी मस्जिद गिराई जा रही थी तब उसे पूरा देश ही नहीं पूरी दुनिया देख रही… Read More
टकर कार्लसन की पहचान एक धुर दक्षिणपंथी पत्रकार की रही है। उन्हें लोकप्रियता अपने धुर दक्षिणपंथी एजेंडे… Read More
सर्दियों में आठ-दस लोग एक जगह इकट्ठे हों और गर्मागर्म चाय की चुस्कियां ले रहे हों तो… Read More