supreme

उच्चतर न्यायालयों में जारी है भाई-भतीजावाद का बोलबाला! इलाहाबाद हाईकोर्ट के जजों की प्रस्तावित सूची पर भी उठे सवाल

इलाहाबाद हाईकोर्ट के कॉलेजियम ने पिछले दिनों 31 नामों को मंजूरी दे दी है, जिसके बाद एक… Read More

पहले संज्ञान लिया होता तो श्रमिकों की इतनी दुर्दशा नहीं होती! योर आनर

उच्चतम न्यायालय का हृदयपरिवर्तन हो गया है और आज उच्चतम न्यायालय स्वयं को प्रवासी मजदूरों का हितैषी… Read More

तुषार मेहता जी! जनहित याचिकाएं न होतीं तो यूपीए सरकार न उखड़ती और न ही बीजेपी आती सत्ता में

यदि यूपीए-2 सरकार शुरू से ही भ्रष्टाचार और घोटालों के आरोपों में न घिरी रही होती और टूजी… Read More

जब आलम ‘समानान्तर सरकार’ का हो तो ‘गुस्ताख़’ हाईकोर्ट्स को माफ़ी कैसी?

कोरोना संकट की आड़ में जैसे श्रम क़ानूनों को लुगदी बनाया गया, क्या वैसा ही सलूक अब… Read More

चीफ जस्टिस केन्द्रित और रजिस्ट्री द्वारा संचालित अदालत है सुप्रीम कोर्ट: रिटायर्ड जस्टिस दीपक गुप्ता

उच्चतम न्यायालय के पूर्व न्यायाधीश जस्टिस दीपक गुप्ता का मानना है कि उच्चतम न्यायालय के साथ समस्या यह है कि यह… Read More