हिंदी सिनेमा कभी भारतीय जनमानस का गहरा आईना हुआ करता था, अब धीरे-धीरे एक ऐसी फैक्ट्री बनता… Read More
संस्कृति-समाज
वाराणसी। गंगा की लहरों पर जब बनारस की सांझ उतरती है, तब समय मानो थम सा जाता… Read More
ईश्वर- यह शब्द जितना सरल प्रतीत होता है, उतना ही गूढ़ और बहुआयामी भी है। यदि हम… Read More
गुरुदत्त (9 जुलाई 1925-10 अक्तूबर 1964) यदि जीवित होते तो इस 9 जुलाई को सौ वर्ष के… Read More
प्रभाष जोशी के बारे में लिखने से पहले मैं वह वाक़या सुनाना चाहूंगी जब मैं उनसे पहली… Read More
कुछ किताबें ऐसी होती हैं, जिन्हें बिना रोये पढ़ना बहुत मुश्किल होता है। ऐसी ही एक किताब… Read More
यह बात अब साफ होती जा रही है कि संघ और उसके बनाए हुए आनुषांगिक गिरोहों ने… Read More
इतिहास में बदलाव सिर्फ किसी कलाकार की कृतियों से नहीं आता, बल्कि वह इस बात से भी… Read More
‘मेरा दागिस्तान’ से जो रिश्ता रसूल हमजातोव का है, वही अजय कुमार का जौनपुर से है। यह शहर,… Read More
भोपाल। इस वर्ष का ‘लोकजतन सम्मान’ बस्तर के शहीद पत्रकार मुकेश चंद्राकर को उनकी निर्भीक, मैदानी तथा… Read More