‘चिपको आन्दोलन’ का घोषवाक्य है– क्या हैं जंगल के उपकार, मिट्टी, पानी और बयार। मिट्टी, पानी और… Read More
बीच बहस
योगेन्द्र यादव और मैं योजना आयोग की असेस्मेंट एण्ड मोनिट्रिंग अथॉरिटी के सदस्य थे। इस संस्था की… Read More
ग़ज़ब स्थिति है देश में। मुद्दा यह नहीं बन रहा है कि भविष्य बनाने की उम्र में… Read More
नीति आयोग के जरिये सरकार ने यह मंशा जाहिर की है कि वो सरकारी स्कूलों की संख्या… Read More
चुनाव आयोग की चालबाजियों और न्यायपालिका की अनदेखी के चलते भाजपा, पश्चिम बंगाल में सत्ता पर काबिज… Read More
मन रोज हजार बातें सुनता है। सैकड़ों नहीं तो दर्जनों बातें तो ऐसी जरूर होती हैं उनमें,… Read More
यूं तो हाल के लगभग डेढ़ दशक भारतीय प्रेस – विशेषकर हिंदी भाषी प्रेस – के धीरे-धीरे… Read More
यक़ीनन देश की फिज़ा जबरदस्त बदलाव की ओर अग्रसर है। पिछले दिनों जब हमारे देश के सीजेआई… Read More
प्रख्यात अर्थशास्त्री अरविंद सुब्रमणियन का कहना है कि देश के सामने आये हुए मौज़ूदा संकट के लिए… Read More
पांच राज्यों के चुनाव के परिणाम आ गए हैं। लगता है कि गण पर तंत्र की विजय… Read More